जबलपुर | न्यायालय मनीष सिंह ठाकुर विशेष न्यायाधीश लोकायुक्त द्वारा दिलीप सिंह कुलस्ते तत्कालीन सहायक ग्रेड 3 तहसील कार्यालय कुंडम को दोषसिद्धि किया जाकर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7, 13(2) में 4-4 वर्ष के कारावास और 3-3 हजार के जुर्माने से दण्डित कर न्यायालय द्वारा जेल भेजा गया।
लोकायुक्त के विशेष लोक अभियोजक प्रशांत शुक्ला द्वारा पैरवी करते हुये न्यायालय को बताया कि प्रार्थी अतुल ज्योतिकी ने पुलिस अधीक्षक लोकयुक्त के समक्ष शिकायत की थी कि ग्राम टिकरिया में उसके द्वार जमीन क्रय की गई थी जिसका नामांतरण तहसील कार्यालय कुंडम से होना था । नामांतरण करने के सम्बंध में जब वह आरोपी से मिला तो आरोपी द्वारा उससे 4 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की गई। तदोपरांत आरोपी 5 अप्रैल 2021 रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया था।
न्यायालय द्वारा अभियोजन की और से प्रस्तुत साक्ष्य से मामले को प्रमाणित पाया जाकर आरोपी को दोषसिद्धि किया गया।
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