जबलपुर। देशभर में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में सामने आए कथित पेपर लीक, परीक्षा अनियमितताओं तथा भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता की कमी के विरोध में छात्रों का आंदोलन पिछले 15 दिनों से लगातार जारी है। इसी क्रम में जबलपुर के विभिन्न सामाजिक, राजनीतिक एवं जन संगठनों ने घंटाघर में एकत्र होकर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के नाम जिला प्रशासन को संयुक्त ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया कि हजारों छात्र-छात्राएँ अपने भविष्य की सुरक्षा, निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली तथा पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया की मांग को लेकर शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक आंदोलन कर रहे हैं। आंदोलन के समर्थन में शिक्षाविद् एवं सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक भी आमरण अनशन पर हैं। ज्ञापन में सरकार से आग्रह किया गया कि आंदोलनकारियों की मांगों पर शीघ्र संवाद स्थापित कर समाधान निकाला जाए तथा उनके स्वास्थ्य एवं सुरक्षा के प्रति संवेदनशीलता दिखाई जाए। ज्ञापन मे मांगें रखी गईं कि सभी कथित पेपर लीक एवं परीक्षा अनियमितताओं की उच्च स्तरीय, निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच कराई जाए।
दोषी व्यक्तियों, अधिकारियों एवं संबंधित संगठनों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए | छात्रों के प्रतिनिधियों से तत्काल संवाद स्थापित कर उनकी न्यायोचित मांगों का समाधान किया जाए।
भविष्य में पेपर लीक रोकने के लिए आधुनिक, सुरक्षित एवं पूर्णतः पारदर्शी परीक्षा प्रणाली लागू की जाये | इस दौरान सुबोध रिछारिया रामरतन यादव, घनश्याम यादव, एडवोकेट रामकिशोर शिवहरे, एडवोकेट राजेंद्र गुप्ता, नोखेलाल प्रजापति, अमित पांडे, राजेंद्र अग्रवाल, प्रकाश कुशवाहा, मनीष वर्मा, एपी यादव, लखनलाल प्रजापति, मेहंदी हसन, मुन्ना अली, अवधेश यादव, अशोक मिश्रा, श्याम सिंह कुशवाहा, शैलेन्द्र मिश्रा, मुरारी वर्मा, देवेंद्र यादव, राकेश यादव, गोपाल सिंह, शिव कुमार कुशवाहा, शिव कुमार चौबे, केके यादव, विश्वदीपित गौतम, सूरज पटेल आदि उपस्थित रहे।
