मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने की चुनाव कार्यक्रम की घोषणा, निष्पक्ष मतदान के लिए चुनाव समिति और पर्यवेक्षकों की नियुक्ति
जबलपुर। मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय बार एसोसिएशन, जबलपुर के सत्र 2026-28 के चुनाव की आधिकारिक घोषणा कर दी गई है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी संजय सेठ, अधिवक्ता ने चुनाव कार्यक्रम जारी करते हुए निष्पक्ष एवं पारदर्शी निर्वाचन प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए चुनाव समिति और पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की है। चुनाव प्रक्रिया जुलाई के अंतिम सप्ताह से शुरू होगी, जबकि 17 अगस्त को मतदान और 18 अगस्त को मतगणना के बाद परिणाम घोषित किए जाएंगे।
चुनाव समिति का गठन
निर्वाचन प्रक्रिया को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए गठित चुनाव समिति में हिमांशु तिवारी, आशीष श्रीवास्तव, सुधाकर मणि पटेल, राजकमल चतुर्वेदी, वंदना श्रोती, राकेश तिवारी, सुशील अग्रवाल, ए.टी. फरीदी, मनीष जैन और नितिन गुप्ता को चुनाव अधिकारी बनाया गया है।
वहीं, चुनाव की पारदर्शिता और निष्पक्षता बनाए रखने के लिए वरिष्ठ अधिवक्ताओं मनीष दत्त, जेड.एम. शाह, जे.पी. अग्रवाल और अमृत कौर रूपराह को पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है।
ऐसा रहेगा पूरा चुनाव कार्यक्रम
जारी कार्यक्रम के अनुसार नामांकन पत्र 31 जुलाई और 1 अगस्त 2026 को प्रतिदिन सुबह 10:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक वितरित किए जाएंगे।
भरे हुए नामांकन पत्र 3 और 4 अगस्त को जमा किए जाएंगे। इसके बाद 5 अगस्त को सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक नामांकन पत्रों की जांच होगी और पात्र उम्मीदवारों की सूची प्रकाशित की जाएगी।
6 अगस्त को सुबह 10:30 बजे से शाम 4 बजे तक प्रत्याशी अपना नाम वापस ले सकेंगे। नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी जाएगी।
17 अगस्त को मतदान, 18 अगस्त को मतगणना
निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार 17 अगस्त 2026 को सुबह 10:30 बजे से शाम 5:00 बजे तक मतदान होगा। इसके बाद 18 अगस्त को मतगणना कर परिणाम घोषित किए जाएंगे।
बार एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि चुनाव संबंधी सभी प्रक्रियाएं बार एसोसिएशन के रजत जयंती सभागार में निर्वाचन समिति की निगरानी में संपन्न होंगी।
वकीलों में चुनावी सरगर्मी तेज
चुनाव कार्यक्रम घोषित होने के साथ ही हाईकोर्ट परिसर में चुनावी माहौल गर्माने लगा है। विभिन्न पदों के संभावित उम्मीदवारों ने अपने समर्थकों से संपर्क बढ़ाना शुरू कर दिया है। आगामी दिनों में नामांकन प्रक्रिया शुरू होते ही बार एसोसिएशन का चुनावी परिदृश्य और अधिक सक्रिय होने की संभावना है।
