जबलपुर। सदर चौपाटी की एक पान दुकान से प्रतिबंधित ई-सिगरेट की बिक्री किए जाने की सूचना पर कैंट पुलिस ने सोमवार को छापा मारा। पुलिस को देखते ही दुकान के आसपास मौजूद कुछ लोग वहां से निकल गए। दुकान की तलाशी के दौरान पुलिस ने अलग-अलग कंपनियों और फ्लेवर की 5 ई-सिगरेट जब्त करने का दावा किया है, जिनकी कुल कीमत करीब 5 हजार रुपए बताई गई है।
मुखबिर की सूचना पर दुकान नंबर 29 में दबिश
कैंट थाना प्रभारी पुष्पेंद्र पटले ने बताया कि सोमवार को मुखबिर से सूचना मिली थी कि सदर चौपाटी स्थित दुकान नंबर 29 का संचालक अपनी पान-सिगरेट की दुकान से प्रतिबंधित इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट बेच रहा है।
सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने दुकान पर दबिश दी। पूछताछ में दुकान संचालक ने अपना नाम राजा चौधरी, निवासी पुरानी बस्ती कजरवारा बताया।
तलाशी में मिलीं अलग-अलग फ्लेवर की ई-सिगरेट
पुलिस के मुताबिक दुकान की तलाशी के दौरान पांच इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट बरामद की गईं। इनमें अलग-अलग कंपनियों की ब्लू राज आइस, कोक आइस और वाटरमेलन आइस जैसे फ्लेवर वाली ई-सिगरेट शामिल थीं।
पुलिस ने बताया कि बरामद उत्पादों में रिचार्जेबल और डिस्पोजेबल श्रेणी की ई-सिगरेट भी शामिल हैं। एक पैकेट पर 50 हजार पफ्स अंकित होना बताया गया है।
करीब 5 हजार रुपए का माल जब्त
पुलिस के अनुसार दुकान संचालक से ई-सिगरेट के संबंध में पूछताछ की गई। इसके बाद उसके कब्जे से मिली पांचों ई-सिगरेट जब्त कर ली गईं। पुलिस ने इनकी अनुमानित कीमत करीब 5 हजार रुपए बताई है।
मामले में जब्त सामग्री के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
भारत में ई-सिगरेट पर है प्रतिबंध
भारत में इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट के उत्पादन, निर्माण, आयात, निर्यात, परिवहन, बिक्री, वितरण, भंडारण और विज्ञापन पर कानून के तहत प्रतिबंध है। ऐसे में पान दुकान से ई-सिगरेट मिलने के बाद पुलिस अब इसकी आपूर्ति से जुड़े पहलुओं की भी जांच कर सकती है।
