जबलपुर। शहर में अवैध हथियारों के बढ़ते नेटवर्क पर अंकुश लगाने की कोशिशों के बीच गोरखपुर थाना पुलिस ने एक ऐसे आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसके पास से लोडेड देसी पिस्टल बरामद हुई है। गिरफ्तारी केवल एक अवैध हथियार की बरामदगी भर नहीं है, बल्कि यह उस आपराधिक तंत्र की ओर भी इशारा करती है, जहां हथियार आसानी से अपराधियों तक पहुंच रहे हैं और वारदातों से पहले ही उन्हें पकड़ लेना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है।
गोरखपुर थाना पुलिस को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति शिलाकुंज, नयागांव क्षेत्र में अवैध हथियार लेकर किसी वारदात को अंजाम देने की फिराक में घूम रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना प्रभारी नितिन कमल के निर्देशन में चौकी रामपुर पुलिस ने तत्काल घेराबंदी की।
बीती रात शिलाकुंज नयागांव चौराहे के पास पुलिस ने संदिग्ध को रोकने का प्रयास किया तो वह भागने लगा। हालांकि पुलिस टीम ने सतर्कता दिखाते हुए कुछ ही दूरी पर उसे दबोच लिया। पूछताछ में उसने अपना नाम नीरज उर्फ बाबा सोनकर (35) निवासी भरतीपुर, शिव पार्वती मंदिर के पास, थाना ओमती बताया।
तलाशी के दौरान आरोपी की कमर में खोंसी हुई एक देसी पिस्टल बरामद हुई। पुलिस ने जब हथियार की जांच की तो उसकी मैगजीन में एक जिंदा कारतूस लोड मिला। बरामद हथियार और कारतूस को जब्त करते हुए आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा 25/27 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि नीरज उर्फ बाबा सोनकर का आपराधिक रिकॉर्ड पहले से मौजूद है। उसके खिलाफ मारपीट और आर्म्स एक्ट सहित पांच आपराधिक प्रकरण दर्ज बताए गए हैं। अब जांच का सबसे अहम बिंदु यह है कि आरोपी तक यह हथियार कहां से पहुंचा, किसने उपलब्ध कराया और वह इसे लेकर किस वारदात की तैयारी में था। पुलिस इन सभी पहलुओं पर गहन पूछताछ कर रही है।
यह कार्रवाई इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि किसी संभावित अपराध से पहले आरोपी को हथियार सहित पकड़ लेना पुलिस की सक्रियता को दर्शाता है। साथ ही यह सवाल भी छोड़ जाता है कि आखिर शहर में अवैध हथियारों की आपूर्ति का नेटवर्क कितना सक्रिय है और उसे पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए आगे क्या कदम उठाए जाएंगे।
इस कार्रवाई में चौकी प्रभारी रामपुर उप निरीक्षक महेंद्र जाटव, आरक्षक अनूप सिंह, रोहित द्विवेदी, मोहित, अर्पित, आनंद और अजय की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अब बरामद पिस्टल की खरीद-फरोख्त से जुड़े नेटवर्क की कड़ियों को भी खंगाल रही है।
