त्योहारी सीजन से पहले मिठाई दुकानों पर खाद्य विभाग की दबिश, सिहोरा-खितौला में हड़कंप
जबलपुर। त्योहारी सीजन की आहट के साथ ही खाद्य सुरक्षा विभाग ने सिहोरा और खितौला क्षेत्र में मिठाई दुकानों और खाद्य पदार्थ बनाने वाले प्रतिष्ठानों की जांच तेज कर दी है। आज शाम विभागीय टीम ने कई मिठाई दुकानों पर पहुंचकर खाद्य सामग्री की गुणवत्ता की जांच की। इस कार्रवाई से क्षेत्र के मिठाई और मावा कारोबारियों में हलचल मच गई। बताया गया कि जांच के दौरान कुछ दुकानदारों ने अपनी दुकानों के शटर भी गिरा दिए।
मिठाई दुकानों के गोदामों और कारखानों की जांच
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने दुकानों के बिक्री काउंटरों के साथ मिठाई तैयार करने वाले गोदामों और निर्माण स्थलों का भी निरीक्षण किया। टीम ने मौके पर उपलब्ध जांच उपकरणों की सहायता से विभिन्न खाद्य पदार्थों की प्राथमिक जांच की।
निरीक्षण के दौरान दूध, खोवा, पनीर और रसगुल्लों सहित कई खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर संदेह जताया गया। कुछ खाद्य सामग्री से दुर्गंध आने की बात भी सामने आई। अधिकारियों ने संदिग्ध खाद्य पदार्थों की जांच के लिए आवश्यक कार्रवाई की।
विजय स्वीट्स से खोवे और दूध की मिठाइयों के नमूने
खितौला स्थित विजय स्वीट्स पर खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने निरीक्षण किया। इस दौरान खोवे और दूध से तैयार मिठाइयों की गुणवत्ता को लेकर संदेह होने पर उनके नमूने लिए गए।
विभागीय जांच के तहत एकत्र किए गए नमूनों की गुणवत्ता का परीक्षण कराया जाएगा, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।
शिवम स्वीट्स से रबड़ी, रसगुल्ले और नमकीन के सैंपल
वहीं, पोस्ट ऑफिस के पास स्थित शिवम स्वीट्स पर भी खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम पहुंची। यहां रबड़ी, रसगुल्ले, नमकीन और अन्य मिठाइयों की जांच करते हुए विभिन्न खाद्य सामग्री के नमूने एकत्र किए गए।
टीम ने परीक्षण के लिए नमूनों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सील किया। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और मानकों के अनुरूप होने की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
मावा और मिठाई कारोबारियों में हलचल
सिहोरा और खितौला में हुई इस कार्रवाई से मिठाई कारोबारियों के बीच हलचल देखी गई। त्योहारी सीजन में मिठाइयों, मावा और दुग्ध उत्पादों की मांग बढ़ने के मद्देनजर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
नमूने लिए जाने का अर्थ खाद्य पदार्थों में मिलावट की पुष्टि होना नहीं है। जांच रिपोर्ट से ही स्पष्ट होगा कि संबंधित खाद्य सामग्री निर्धारित सुरक्षा एवं गुणवत्ता मानकों पर खरी उतरती है या नहीं।
नमूनों की रिपोर्ट के बाद स्थिति होगी स्पष्ट
खाद्य सुरक्षा विभाग की इस कार्रवाई में विभिन्न मिठाइयों और दुग्ध उत्पादों के नमूने एकत्र किए गए हैं। अब इन नमूनों की परीक्षण रिपोर्ट के आधार पर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता का पता चलेगा। मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
सिहोरा-खितौला में मिठाई दुकानों की जांच, खाद्य नमूनों की रिपोर्ट का इंतजार