जबलपुर में अवैध पटाखा बिक्री पर पुलिस की सख्ती, पांच दुकानदार पकड़े
जबलपुर। दीपावली के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस की सख्ती के बीच शहर और आसपास के क्षेत्रों में रिहायशी इलाकों में बिना लाइसेंस पटाखे बेचने के मामले सामने आए हैं। पुलिस ने अलग-अलग थाना क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए पांच दुकानदारों को पकड़ा और उनके कब्जे से विभिन्न प्रकार के पटाखे तथा आतिशबाजी सामग्री जब्त की।
थाना लार्डगंज पुलिस ने जानकीरमण प्लाजा के सामने सड़क किनारे बिना लाइसेंस पटाखे बेच रहे मनीष केशरवानी (52), निवासी राठी कॉलोनी निवाड़गंज को पकड़ा। उसके कब्जे से करीब 12 हजार रुपये कीमत के पटाखे जब्त किए गए।
इसी थाना क्षेत्र में पांडे चौक पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने अंकित चौधरी (20), निवासी भोलानगर चंडालभाटा दमोह नाका को पकड़ा। उसके कब्जे से करीब 10 हजार रुपये कीमत के पटाखे और आतिशबाजी सामग्री जब्त की गई।
छोटा फुहारा में भीड़ के बीच बिक रहे थे पटाखे
थाना गोहलपुर पुलिस ने छोटा फुहारा के पास सड़क किनारे पटाखे बेच रहे आशीष अग्रवाल (28), निवासी हरदौल मंदिर के पास सूजी मोहल्ला गोरखपुर को पकड़ा। पुलिस के मुताबिक, जिस स्थान पर पटाखे बिक्री के लिए रखे गए थे, उसके आसपास रिहायशी मकान और दुकानें थीं तथा बाजार में काफी भीड़ थी।
आरोपी के पास पटाखा बिक्री का लाइसेंस नहीं मिला। उसके कब्जे से विभिन्न प्रकार के बम, चकरी, अनार, सुतली बम और अन्य आतिशबाजी सामग्री जब्त की गई।
गढ़ा के मिश्रा कम्पाउंड में दबिश
थाना गढ़ा पुलिस ने बीटी तिराहा स्थित मिश्रा कम्पाउंड में दबिश देकर अजय पटेल (32), निवासी मिश्रा कम्पाउंड बीटी तिराहा को बिना लाइसेंस पटाखे बेचते पकड़ा। पुलिस ने उसके कब्जे से 25 शॉट, 12 शॉट और 5 शॉट वाले पटाखों के पैकेट, सुतली बम, पाइप बम, बुलेट बम, फुलझड़ी, अनारदाना सहित अन्य आतिशबाजी सामग्री जब्त की।
पडवार में महिला से भी पटाखे जब्त
थाना बरेला पुलिस ने ग्राम पडवार में कार्रवाई करते हुए सपना जैन (40), निवासी पडवार को अवैध रूप से पटाखे बेचते पकड़ा। उसके कब्जे से करीब 7 हजार रुपये कीमत के पटाखे जब्त किए गए।
जब्त सामग्री में डबल कॉक, सिंगम, फाइटर, रैम्बो, टारजन, थ्री साउंड, टू साउंड, लायन, टॉप बम, अनारदाना, फुलझड़ी, चकरी, रॉकेट, बुलेट बम सहित अन्य आतिशबाजी सामग्री शामिल है।
अलग-अलग प्रकरण दर्ज
पुलिस के अनुसार पांचों मामलों में संबंधित आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 288 तथा विस्फोटक अधिनियम की धारा 5 एवं 9(ख)(1)(ख) के तहत अलग-अलग प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की गई है।
